भारत के टॉप 6 पोटैटो प्लांटर: जानें आलू बोने बाली मशीन पर सब्सिडी की पूरी जानकारी
Published - 08 Jun 2022
by Tractor Junction
जानें, क्या है पोटैटो प्लांटर मशीन की विशेषताएं और लाभ और कीमत
खेती में कृषि यंत्रों का प्रयोग निरंतर बढ़ता ही जा रहा है। आज किसान आधुनिक कृषि यंत्रों का उपयोग करके कम समय और श्रम में फसल का उत्पादन कर रहे हैं। इससे लागत में भी कमी आ रही है। कृषि यंत्रों की सहायता से कम समय और श्रम में खेती के काम को निपटाया जा सकता है। सरकार की ओर से भी इन कृषि यंत्रों पर किसानों को सब्सिडी का लाभ प्रदान किया जाता है, ताकि किसानों को कम कीमत पर कृषि यंत्र उपलब्ध हो सकें। आज हम ट्रैक्टर जंक्शन के माध्यम से आपको पोटैटो प्लांटर मशीन और उस पर सरकार की ओर से दी जाने वाली सब्सिडी की जानकारी दे रहे हैं।
क्या है पोटैटो प्लांटर मशीन और इसका कार्य
पोटैटो प्लांटर मशीन यानि आलू बोने की मशीन एक बहुपयोगी मशीन है। इस मशीन की सहायता से सभी प्रकार के आलू की बुवाई का कार्य काफी आसानी से किया जा सकता है। इस मशीन के प्रयोग से कम समय और कम श्रम में आलू की बुवाई की जा सकती है। इसे ट्रैक्टर के साथ जोडक़र चलाया जाता है। यह एक उच्च सटीकता वाली मशीन है जो खेत में पूर्णता के साथ उच्च गुणवत्ता वाले आलू के उत्पादन को सुनिश्चित करती है।
किसान कैसे करें पोटैटो प्लांटर मशीन का चयन
अब बात आती है कि किसान किस प्रकार की पोटैटो प्लांटर मशीन का चयन करें तो इसके किसानों को अपने बजट और आवश्यकता को ध्यान में रखकर इसका चयन करना चाहिए। इसके अलावा आपको कैसा पोटैटो प्लांटर चाहिए, क्योंकि बाजार में कई प्रकार के पोटैटो प्लांटर उपलब्ध हैं। पोटैटो प्लांटर ट्रैक्टर के साथ जुडक़र कार्य करने वाली मशीन है इसलिए आपको ये भी ध्यान रखना होगा की आपके पास कितने एचपी का ट्रैक्टर हैं, क्योंकि ये पोटैटो प्लांटर मशीन जिसे न्यूनतम 33.6 किलोवाट (45 एचपी) ट्रैक्टरों से चलाया जा सकता है।
पोटैटो प्लांटर मशीन के प्रकार
बाजार में तीन प्रकार की पोटैटो प्लांटर मशीन उपलब्ध हैं। आप अपनी सुविधा और बजट के हिसाब से इसे खरीद सकते हैं।
1. स्वचालित आलू बोने की मशीन
यह एक अत्याधुनिक मशीन है जिसके द्वारा आलू की बुआई, उर्वरक का प्रयोग के साथ-साथ मेड़ का भी निर्माण हो जाता है। जिस कारण मजदूरी की काफी बचत होती है। इस विधि से आलू की खेती करने पर आलू का बीज निर्धारित गहराई पर गिरता है और मशीन द्वारा ही उसके ऊपर मिट्टी चढ़ा दी जाती है। इस मशीन के इस्तेमाल से आलू के अंकुरण क्षमता में भी वृद्धि होती है। एक स्वचालित पोटैटो प्लांटर को खेतों में ट्रैक्टर के पीछे तीन-बिंदु लिंकेज के साथ लगाया जाता है।
2. अर्ध-स्वचालित आलू बोने की मशीन
इस मशीन को भी ट्रेक्टर से जोडक़र चलाया जाता है। इस मशीन से आलू की बुवाई करने के दौरान सबसे पहले मशीन से आलू बॉक्स में आलू को डाला जाता है। इसके बाद मशीन के ऊपर बैठा व्यक्ति आलू के बीजों को कीप द्वारा खेतों में डालता रहता है। इससे कम समय में आलू की बुवाई हो जाती है।
3. हाई-स्पीड स्वचालित आलू बोने की मशीन
इस मशीन को भी ट्रैक्टर के साथ जोडक़र चलाया जाता है। ये बिलकुल स्वचालित आलू बोने की मशीन की तरह ही होती है, बस इसकी कार्य क्षमता ऊपर बताई गई दोनों मशीनों के मुकाबले अधिक होती है। ये मशीन काफी तेजी से आलू की बुवाई करने में समक्ष है। इसके प्रयोग से कम समय में अधिक क्षेत्र में आलू की बुवाई की जा सकती है।
पोटैटो प्लांटर मशीन की विशेषताएं
- यह आलू को समान रूप से बोने जैसे चौड़ाई और गहराई पर एक लेवल पर बोने और अच्छी सटीकता के साथ समय बचाती है।
- यह आलू के बीज को नुकसान पहुंचाए बिना खेतों में काम करती है।
- इसके मशीन के उपयोग से आलू की पंक्तिबद्ध बुवाई की जा सकती है जिससे बाद में इसकी खुदाई करना आसान हो जाता है।
आलू की खेती में पोटैटो प्लांटर मशीन के प्रयोग से होने वाले लाभ
- पोटैटो प्लाटर मशीन की सहायता से पंक्तियों के बीच में एक समान दूरी बनाई जा सकती है।
- पोटैटो प्लाटर मशीन द्वारा एक सामान चौड़ाई और गहराई रख कर पैदावार में बढ़ोतरी की जा सकती है।
- पोटैटो प्लाटर मशीन से आलू की बुवाई करने उपज और गुणवत्ता बढ़ाने में मदद मिलती है।
- एक अत्याधुनिक मशीन है जिसके द्वारा आलू की बुआई, उर्वरक का प्रयोग के साथ-साथ मेड़ का भी निर्माण साथ में हो जाता है। जिस कारण मजदूरी की काफी बचत होती है।
पोटैटो प्लांटर मशीन पर सरकार से कितनी मिलती है सब्सिडी
पोटैटो प्लांटर मशीन पर भी सरकार की ओर से सब्सिडी का लाभ किसानों को प्रदान किया जाता है। ये सब्सिडी अलग-अलग राज्यों में वहां के नियमानुसार दी जाती है। बात करें बिहार की तो यहां राज्य सरकार की ओर से किसानों को पोटैटो प्लांटर मशीन की खरीद पर 50 प्रतिशत तक सब्सिडी प्रदान की जाती है। इसमें सामान्य किसानों को 50 प्रतिशत या अधिकतम 20 हजार रुपए और अनुसूचित जाति और जनजाति किसानों को 50 प्रतिशत या अधिकतम 30,000 रुपए की सब्सिडी दी जाती है।
भारत में प्रचलित टॉप 6 पोटैटो प्लांटर मशीन
भारतीय बाजार में कई कंपनियों की पोटैटो प्लांटर मशीन उपलब्ध हैं, लेकिन इसमें से इन 6 कंपनियों के पोटैटो प्लांटर मशीन किसानों के बीच काफी लोकप्रिय हैं, क्योंकि पोटैटो प्लांटर मशीन किसानों की कृषि संबंधी आवश्यकता को ध्यान में रखकर तैयार की गई हैं। ये पोटैटो प्लांटर मशीन इस प्रकार से हैं-
1. एग्रीस्टार पोटैटो प्लांटर

एग्रीस्टार पोटैटो प्लांटर - 2 रो को खेती के लिए एकदम सही बनाता है। यह पोटैटो प्लांटर कैटेगरी में आता है। इसमें इम्प्लीमेंट पावर है जो ईंधन कुशल कार्य प्रदान करती है। यह एक ऐसा इम्प्लीमेंट है जो अपने शानदार गुणवत्ता के लिए जाने वाले एग्रीस्टार ब्रांड हाउस से आता है।
2. लैंडफोर्स पोटैटो प्लांटर

लैंडफोर्स पोटैटो प्लांटर लैंडफोर्स ब्रांड हाउस से आता है जो अपनी शानदार गुणवत्ता के लिए जाना जाता है। इस पोटैटो प्लांटर के लिए कम से कम 35 एचपी का ट्रैक्टर होना आवश्यक है। लैंडफोर्स पोटैटो प्लांटर की लंबाई 1980 मिमी और चौड़ाई 1830 मिमी है। इसकी ऊंचाई 1180 मिमी और वजन 420 किग्रा है। यह मशीन एक दिन में 4-5 एकड़ तक क्षेत्र में आलू की बुवाई कर सकता है।
3. सोनालिका पोटैटो प्लांटर

सोनालिका पोटैटो प्लांटर आलू की खेती के लिए उपयोगी है। इसमें 55 -90 एचपी इम्प्लीमेंट पावर है जो ईंधन कुशल कार्य प्रदान करती है। यह एक कार्यान्वयन है जो सोनालिका ब्रांड हाउस से आता है जो अपनी शानदार गुणवत्ता के लिए जाना जाता है। यह मशीन 2- रो प्लांटर और 4-पंक्ति प्लेंटर में आती है। इसकी लंबाई क्रमश: 55 इंच और 112 इंच होती है। इसकी कद या ऊंचाई की बात करें तो इसका कद 61 इंच होता है। पंक्ति से पंक्ति की दूरी 24 इंच, बोल्ड की मोटाई 6 मिमी होती है। इसके ब्लेड एजेस्टेबल होते हैं।
4. महिंद्रा पोटैटो प्लांटर

महिंद्रा ब्रांड अपनी शानदार गुणवत्ता के लिए जाना जाता है। महिंद्रा पोटैटो प्लांटर की इम्प्लीमेंट पावर 55-90 एचपी है जो ईंधन कुशल कार्य प्रदान करती है। इस मशीन की उर्वरक क्षमता 130 लीटर है। ये स्वचालित पोटैटो प्लांटर की श्रेणी में आता है। इस मशीन की रोपण क्षमता यानि बीज बोने की क्षमता ट्रैक्टर की गति पर करीब 3-5 किमी/घंटा है। इस मशीन का कुल वजन 1624 किग्रा है। इसमें पंक्ति दूरी 61 सेमी, 66 सेमी, 71 सेमी और 76 सेमी है।
5. स्वराज पोटैटो प्लांटर

स्वराज पोटैटो प्लांटर को आलू की बुवाई के लिए प्रभावी कार्य करता है। यह पोटैटो प्लांटर कैटेगरी में आता है। और, इसमें 55-90 एचपी इम्प्लीमेंट पावर है जो ईंधन कुशल कार्य प्रदान करती है। इससे पंक्तियों की संख्या 2, इसकी उर्वरक क्षमता 130 लीटर, ये प्लांटर स्वचालित श्रेणी में आता है। इसकी रोपण क्षमता रोपण क्षमता 24 सीएम, 3-4 किमी / घंटा है। इस पूरा वजन 1624 किग्रा है। इसमें पंक्तियों की दूरी 24 इंच, 26 इंच, 28 इंच, 30 इंच है।
6. शक्तिमान ग्रिमे पोटैटो प्लांटर

शक्तिमान ग्रिमे पोटैटो प्लांटर- पीपी 205 आलू बुवाई की सही प्रकार से करता है। इसमें 55 एचपी इम्प्लीमेंट पावर है जो ईंधन कुशल कार्य प्रदान करती है। शक्तिमान ग्रिम ब्रांड अपनी शानदार गुणवत्ता के लिए जाना जाता है। इसकी कुल LXWXH (चौड़ाई राइडिंग बॉडी) 2120*2150*1800 मिमी है। पंक्तियों की संख्या 02 (26 इंच -36 पंक्ति से पंक्ति तक) है। इसके लिए आवश्यक ट्रैक्टर एचपी 50 एचपी+4डब्ल्यूडी है। इसमें ट्रैक्टर हाइड्रोलिक क्षमता की आवश्यकता 2100-2500 किग्रा है। इसकी बंकर क्षमता भरना 500 किग्रा है। इसके पहिये का आकार 2x7.00-12 एएस है। इसका कुल वजन करीब (खाली बंकर के साथ) 950 किग्रा (लगभग) है।
पोटैटो प्लांटर मशीन की अनुमानित कीमत
बाजार में कई कंपनियों की पोटैटो प्लांटर मशीन उपलब्ध हैं। पोटैटो प्लांटर मशीन की कीमत 15 हजार से लेकर 2 लाख तक की है। यदि एक अच्छी गुणवत्ता और कार्यक्षमता वाली मशीन की बात की जाए तो इसकी अनुमानित कीमत 2 लाख रुपए के करीब होती है।
कहां से करें पोटैटो प्लांटर मशीन की खरीद
अब बात आती है कि किसान कहां से पोटैटो प्लांटर मशीन की खरीद करें, तो बता दें कि ट्रैक्टर सहित सभी प्रकार के कृषि उपकरणों की खरीद के लिए ट्रैक्टर जंक्शन सबसे सुरक्षित और विश्वसनीय प्लेटफॉर्म है। यहां आपको सभी प्रकार के पोटैटो प्लांटर मशीन उचित कीमत पर मिल जाएंगी। ट्रैक्टर जंक्शन पर लोकप्रिय पोटैटो प्लांटर मशीन के मॉडल उपलब्ध हैं। आप ट्रैक्टर जंक्शन के माध्यम से अपनी जरूरत के हिसाब से किफायती कीमत पर पोटैटो प्लांटर मशीन की खरीद कर सकते हैं।
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