तमिलनाडु कृषि बजट 2026-27: 14.43 लाख किसानों का ₹5,932 करोड़ फसल ऋण माफ, धान खेती और सिंचाई पर भी बड़ा दांव

Share Product प्रकाशित - 06 Aug 2026 by Vivek Tailang

तमिलनाडु कृषि बजट 2026-27: 14.43 लाख किसानों का ₹5,932 करोड़ फसल ऋण माफ, धान खेती और सिंचाई पर भी बड़ा दांव

सुपर अल नीनो से निपटने के लिए ₹340 करोड़ का विशेष फंड, कुरुवई धान योजना, फसल बीमा और बिजली सब्सिडी के जरिए किसानों को मिलेगी व्यापक राहत

तमिलनाडु सरकार ने वर्ष 2026-27 का कृषि बजट पेश करते हुए किसानों के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री आर. विनोद ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य बदलते मौसम, जलवायु संकट और खेती की बढ़ती लागत के बीच किसानों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है। बजट की सबसे बड़ी घोषणा 14.43 लाख किसानों के 5,932 करोड़ रुपये के फसल ऋण की माफी रही। इसके अलावा सुपर अल नीनो के संभावित प्रभाव से निपटने के लिए 340 करोड़ रुपये का विशेष फंड, कुरुवई धान खेती के लिए सब्सिडी, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और बिजली नलकूप सिंचाई के लिए हजारों करोड़ रुपये के प्रावधान किए गए हैं।

14.43 लाख किसानों को मिलेगी कर्जमाफी की सौगात

कृषि मंत्री ने कहा कि जलवायु परिवर्तन और प्राकृतिक आपदाओं के कारण छोटे एवं सीमांत किसानों पर कर्ज का बोझ लगातार बढ़ रहा है। इसे देखते हुए सरकार ने 5,932 करोड़ रुपये के फसल ऋण माफ करने का फैसला किया है। इस योजना का लाभ राज्य के 14.43 लाख से अधिक किसानों को मिलेगा। सरकार के अनुसार ऋणमाफी के बाद किसानों की क्रेडिट हिस्ट्री बेहतर होगी और वे आगामी बुवाई सीजन के लिए दोबारा आसानी से कृषि ऋण प्राप्त कर सकेंगे। सरकार का मानना है कि यह कदम किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के साथ खेती में निवेश बढ़ाने में भी मदद करेगा।

सुपर अल नीनो से बचाव के लिए 340 करोड़ रुपये का विशेष फंड

बजट पेश करते हुए कृषि मंत्री आर. विनोद ने कहा कि मौसम पूर्वानुमान के अनुसार सुपर अल नीनो की स्थिति के कारण तमिलनाडु के 12 जिले सबसे अधिक प्रभावित हो सकते हैं। इस चुनौती से निपटने के लिए सरकार पहले ही कंटीजेंसी प्लान तैयार कर चुकी है। इसके तहत 340 करोड़ रुपये का विशेष फंड निर्धारित किया गया है। इस राशि का उपयोग सूखा प्रबंधन, वैकल्पिक फसल योजना, किसानों को तकनीकी सलाह और अन्य राहत उपायों पर किया जाएगा, ताकि मौसम की मार से कृषि उत्पादन पर पड़ने वाले असर को कम किया जा सके।

धान उत्पादक किसानों के लिए कुरुवई पैकेज

राज्य सरकार ने कावेरी डेल्टा क्षेत्र के किसानों को राहत देने के लिए कुरुवई पैकेज योजना की घोषणा की है। इस योजना के लिए 134 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इसका उद्देश्य कम अवधि में तैयार होने वाली कुरुवई धान फसल की खेती को बढ़ावा देना और किसानों को आवश्यक कृषि इनपुट पर सब्सिडी उपलब्ध कराना है। सरकार के अनुसार इस वर्ष लगभग 8.26 लाख एकड़ क्षेत्र में कुरुवई धान की खेती की गई है। इस पूरे क्षेत्र को 100 प्रतिशत फसल बीमा कवरेज के दायरे में लाया जाएगा, जिससे प्राकृतिक आपदा या मौसम संबंधी नुकसान की स्थिति में किसानों को आर्थिक सुरक्षा मिल सके।

फसल बीमा के लिए 648 करोड़ रुपये का प्रावधान

तमिलनाडु सरकार ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए भी बड़ा प्रावधान किया है। राज्य के 38 अधिसूचित जिलों में योजना लागू करने के लिए सरकार अपने हिस्से के रूप में 648 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक किसानों को फसल बीमा से जोड़ना और प्राकृतिक आपदाओं के समय उन्हें समय पर मुआवजा उपलब्ध कराना है।

बिजली नलकूप सिंचाई पर 7,432 करोड़ रुपये की सब्सिडी

खेती की लागत कम करने के लिए सरकार ने सिंचाई क्षेत्र पर भी विशेष ध्यान दिया है। कृषि बजट के तहत कुल 14,984 करोड़ रुपये विभिन्न कृषि सब्सिडी योजनाओं पर खर्च किए जाएंगे। इनमें 7,432 करोड़ रुपये बिजली नलकूप सिंचाई सब्सिडी के लिए निर्धारित किए गए हैं। इस योजना से भूमिगत जल से सिंचाई करने वाले किसानों को बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और सिंचाई की लागत कम करने में मदद मिलेगी।

जलवायु संकट के बीच कृषि को मजबूत बनाने की कोशिश

कृषि मंत्री ने कहा कि यह बजट केवल वित्तीय सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि बदलती जलवायु परिस्थितियों के अनुरूप कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है। कर्जमाफी, अल नीनो राहत फंड, धान उत्पादन को प्रोत्साहन, फसल बीमा और सिंचाई सब्सिडी जैसे कदम किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक टिकाऊ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होंगे। सरकार को उम्मीद है कि इन पहलों से राज्य के लाखों किसानों को आर्थिक राहत मिलेगी और कृषि उत्पादन को भी नई मजबूती मिलेगी।

“तमिलनाडु कृषि बजट 2026-27” के संबंध में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल और उनके जवाब (FAQs): 

प्रश्न 1. तमिलनाडु कृषि बजट 2026-27 में किसानों के लिए सबसे बड़ी घोषणा क्या है? 

उत्तर: तमिलनाडु सरकार ने कृषि बजट 2026-27 में 14.43 लाख किसानों के ₹5,932 करोड़ के फसल ऋण माफ करने की घोषणा की है। 

प्रश्न 2. कर्जमाफी योजना का लाभ किन किसानों को मिलेगा? 

उत्तर: इस योजना का लाभ राज्य के 14.43 लाख से अधिक किसानों को मिलेगा, जिनके फसल ऋण सहकारी संस्थाओं के माध्यम से लिए गए हैं। 

प्रश्न 3. सुपर अल नीनो से निपटने के लिए सरकार ने क्या प्रावधान किया है? 

उत्तर: सरकार ने सुपर अल नीनो के संभावित प्रभाव से निपटने के लिए ₹340 करोड़ का विशेष फंड आवंटित किया है, जिससे प्रभावित जिलों में राहत और कृषि सुरक्षा उपाय लागू किए जाएंगे। 

प्रश्न 4. कुरुवई पैकेज योजना क्या है? 

उत्तर: कुरुवई पैकेज योजना के तहत कावेरी डेल्टा क्षेत्र में धान की कुरुवई फसल की खेती को बढ़ावा देने के लिए ₹134 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही पूरी फसल को 100% बीमा कवरेज देने की भी घोषणा की गई है। 

प्रश्न 5. कृषि बजट में सिंचाई और फसल बीमा के लिए क्या प्रावधान किए गए हैं? 

उत्तर: बजट में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए ₹648 करोड़ और बिजली नलकूप सिंचाई सब्सिडी के लिए ₹7,432 करोड़ का प्रावधान किया गया है, ताकि किसानों की खेती की लागत कम हो और सिंचाई सुविधा बेहतर बन सके।

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