महिलाओं को ड्रोन पर मिलेगी 80% सब्सिडी, ऐसे उठाएं लाभ

जानें, महिला सहायता समूह के लिए क्या है योजना और इससे कैसे मिलेगा फायदा

Drone Subsidy : महिलाओं को सशक्त व आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार की ओर से कई तरह की योजनाएं चलाई जा रही हैं जिनका उन्हें लाभ मिल रहा है। इसी कड़ी में महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए सरकार ड्रोन खरीदने के लिए उन्हें सब्सिडी दे रही है। खास बात यह है कि सरकार की ओर से महिलाओं को ड्रोन खरीदने के लिए 80 प्रतिशत तक सब्सिडी (subsidy) का लाभ प्रदान किया जा रहा है। ऐसे में मात्र 20 प्रतिशत राशि खर्च करके महिलाएं ड्रोन की खरीद कर सकती हैं और इससे काफी अच्छा पैसा कमा सकती हैं।

योजना के तहत स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को सब्सिडी पर ड्रोन प्रदान किए जाएंगे। इसके लिए केंद्र सरकार ने डीएवाई-एनआरएलएम के तहत महिला स्वयं सहायता समूहों (SHG) को ड्रोन प्रदान करने के लिए 1261 करोड़ रुपए के परिव्यय के साथ नमो ड्रोन दीदी योजना (Namo Drone Didi Scheme) को मंजूदी दे दी है। इस योजना के तहत वित्त वर्ष 2024-25 से 2025-26 के दौरान 14,500 चयनित महिला एसएचजी को सब्सिडी (subsidy)  पर ड्रोन उपलब्ध कराए जाएंगे। कृषि और किसान कल्याण विभाग ने इस योजना के परिचालन हेतु दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। साथ ही विभाग ने सभी हितधारकों से अनुरोध किया है कि वे नमो ड्रोन दीदी योजना (Namo Drone Didi Scheme) के क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए इन दिशा-निर्देशों का पालन करें।

ड्रोन खरीदने के लिए कितनी मिलेगी सब्सिडी

नमो ड्रोन दीदी योजना (Namo Drone Didi Scheme) के तहत ड्रोन व सहायक उपकरण तथा सहायक शुल्क की लागत की 80 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जाएगी। इस योजना के तहत महिला सहायता समूहों को पैकेज के रूप में ड्रोन खरीदने के लिए अधिकतम 8 लाख रुपए की सब्सिडी दी जाएगी। ऐसे में यदि किसी ड्रोन की कीमत 10 लाख रुपए है तो स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को सरकार की ओर से ड्रोन खरीदने के लिए 80 प्रतिशत तक पैसा दिया जाएगा यानी महिलाओं को 10 लाख रुपए की कीमत का ड्रोन मात्र 2 लाख रुपए में उपलब्ध हो जाएगा।

शेष राशि के लिए महिलाएं ले सकेंगी लोन

नमो ड्रोन दीदी योजना (Namo Drone Didi Scheme) के तहत स्वयं सहायता समूहों और स्वयं सहायता समूहों के क्लस्टर स्तरीय संघ खरीद की कुल लागत में से सब्सिडी की राशि घटाकर निर्धारित राशि (सीएलएफ) राष्ट्रीय कृषि अवसंरचना वित्त पोषण सुविधा (AIF) के तहत लोन ले सकते हैं। सीएलएफ या एसएचजी को एआईएफ लोन पर 3 प्रतिशत की दर से ब्याज सहायता दी जाएगी। इसके साथ ही सीएलएफ या एसएचजी के लिए ग्रामीण विकास मंत्रालय के अन्य स्रोतों/कार्यक्रमों/ योजनाओं से लोन प्राप्त करने का ऑप्शन भी दिया गया है। इस तरह यदि किसी ड्रोन की कीमत 10 लाख रुपए है तो महिलाएं 8 लाख रुपए की सब्सिडी घटाकर शेष राशि 2 लाख रुपए का लोन बैंक से ले सकेंगी। इस तरह स्वयं सहायता समूह की महिलाएं शुरुआती तौर पर बिना कुछ पैसा खर्च करके ड्रोन प्राप्त कर सकेंगी।

ड्रोन के साथ मिलेंगे यह उपकरण

योजना के तहत महिला स्वयं सहायता समूहों को पैकेज के रूप में ड्रोन उपलब्ध कराया जाएगा। पैकेज के तहत तरल उर्वरकों और कीटनाशकों के छिड़काव के लिए स्प्रे तंत्र के साथ बेसिक ड्रोन, ड्रोन को रखने के लिए बॉक्स, मानक बैटरी सेट, नीचे की ओर फोकस कैमरा, दोहरे चैनल वाला फास्ट बैटरी चार्जर, बैटरी चार्जर हब, एनीमोमीटर, पीएच मीटर शामिल होगा। इन सभी वस्तुओं पर लाभार्थी को एक साल की ऑनसाइट वारंटी दी जाएगी। पैकेज में चार अतिरिक्त बैटरी सेट, एक अतिरिक्त प्रोपेलर सेट (प्रत्येक के सेट में छह प्रोपेलर होते हैं), नोजल सेट, डुअल चैनल फास्ट बैटरी चार्जर, बैटरी चार्जर हब, ड्रोन सहायक के लिए 15 दिन का प्रशिक्षण, एक साल का बीमा, दो साल का वार्षिक रखरखाव अनुबंध और जीएसटी शामिल है। बैटरी के अतिरिक्त सेट से ड्रोन की निरंतर उड़ान सुनिश्चित होगी। बता दें कि एक दिन में ये ड्रोन आसानी से 20 एकड़ की दूरी तय कर सकता है।

ड्रोन चलाने का मिलेगा प्रशिक्षण

महिला स्वयं सहायता समूहों के सदस्यों में से एक को 15 दिन का ड्रोन चलाने का प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इतना ही नहीं अनिवार्य ड्रोन पायलट प्रशिक्षण और पोषक तत्व और कीटनाशक अनुप्रयोग के कृषि उद्देश्यों को पाने के लिए अतिरिक्त प्रशिक्षण की भी व्यवस्था की गई है। इसके तहत बिजली के सामान की मरम्मत, फिटिंग और यांत्रिक कार्यों में रुचि रखने वाले स्वयं सहायता समूह के अन्य सदस्यों को ड्रोन सहायक के रूप में प्रशिक्षित किया जाएगा। प्रशिक्षण कार्यक्रमों के अनुसार ड्रोन की आपूर्ति के साथ-साथ ये प्रशिक्षण एक पैकेज के रूप में प्रदान किया जाएगा।

व्यवसाय शुरू करने के लिए सरकार करेगी सहायता

योजना के तहत लाभार्थी समूह ड्रोन से अधिक से अधिक लाभ अर्जित कर सके, इसके लिए राज्य सरकार की ओर से सहायता प्रदान की जाएगी। दिशा-निर्देशों में कहा गया है कि कृषि ड्रोन का उपयोग अभी शुरुआती चरण में है, इसलिए राज्य इन गतिविधियों की बारीकी से निगरानी करेंगे और महिला स्वयं सहायता समूह को सहायता प्रदान करेंगे। इसके साथ ही एक साल में कम से कम 2000 से 2500 एकड़ क्षेत्र को कवर करने के लिए व्यवसाय शुरू करने में सहायता दी जाएगी।

योजना से मिलेगा स्थाई व्यवसाय और आजीविका

सरकार के अनुसार ऐसा माना जा रहा है कि नमो दीदी ड्रोन योजना (Namo Drone Didi Scheme) के तहत की जा रही पहलों से स्वयं सहायता समूहों को स्थाई व्यवसाय और आजीविका मिल सकेगी और वे अतिरिक्त आय अर्जित करने में समक्ष हो सकेंगे। सरकार के मुताबिक इस योजना का उद्देश्य किसानों के लाभ के लिए बेहतर दक्षता, फसल की बढ़ी पैदावार और कम संचालन लागत के लिए कृषि उन्नत प्रौद्योगिकी को शामिल करने में सहायता प्रदान करना है।   

सब्सिडी पर ड्रोन खरीदने के लिए कैसे करें आवेदन

नमो दीदी ड्रोन योजना (Namo Drone Didi Scheme) के तहत चयन होने पर स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को ड्रोन चलाने का प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है। प्रशिक्षण के बाद जो महिला ड्रोन ऑपरेटिंग का काम करती है उन्हें 15,000 रुपए की सैलरी भी दी जाएगी। यदि आप महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हुई हैं तो आप इस योजना के तहत ड्रोन खरीदने के लिए आवेदन कर सकती हैं। आवेदन करने वाली महिलाएं निम्न आर्थिक वर्ग से संबंधित होने के साथ ही कृषि गतिविधियों में शामिल होनी चाहिए। इस योजना के तहत 18 साल या उससे अधिक उम्र की महिलाएं आवेदन कर सकती हैं। नमो ड्रोन दीदी योजना और इसमें आवेदन से संबंधित अधिक जानकारी के लिए इस योजना की आधिकारिक वेबसाइट https://namodronedidi.php-staging.com/about-scheme पर विजिट कर सकते हैं।

सब्सिडी पर ड्रोन के लिए आवेदन हेतु किन दस्तावेजों की होगी आवश्यकता

नमो दीदी ड्रोन योजना (Namo Drone Didi Scheme) के तहत आवेदन करने के लिए आपको कुछ दस्तावेजों की आवश्यकता होगी। योजना में आवेदन के लिए आपको जिन दस्तावेजों की आवश्यकता होगी, वे दस्तावेज इस प्रकार से हैं-

  • आवेदन करने वाली महिलाओं का आधार कार्ड
  • आवेदक का स्थानीय निवास प्रमाण-पत्र
  • आवेदक का पैन कार्ड
  • आवेदक का ईमेल आईडी
  • आवेदक महिलाओं का रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर
  • आवेदक महिलाओं का पासपोर्ट साइज फोटो
  • स्वयं सहायता समूह का पहचान पत्र आदि।

ट्रैक्टर जंक्शन हमेशा आपको अपडेट रखता है। इसके लिए ट्रैक्टरों के नये मॉडलों और उनके कृषि उपयोग के बारे में एग्रीकल्चर खबरें प्रकाशित की जाती हैं। प्रमुख ट्रैक्टर कंपनियों सॉलिस ट्रैक्टर, महिंद्रा ट्रैक्टर आदि की मासिक सेल्स रिपोर्ट भी हम प्रकाशित करते हैं जिसमें ट्रैक्टरों की थोक व खुदरा बिक्री की विस्तृत जानकारी दी जाती है। अगर आप मासिक सदस्यता प्राप्त करना चाहते हैं तो हमसे संपर्क करें।

अगर आप नए ट्रैक्टर, पुराने ट्रैक्टर, कृषि उपकरण बेचने या खरीदने के इच्छुक हैं और चाहते हैं कि ज्यादा से ज्यादा खरीददार और विक्रेता आपसे संपर्क करें और आपको अपनी वस्तु का अधिकतम मूल्य मिले तो अपनी बिकाऊ वस्तु को ट्रैक्टर जंक्शन के साथ शेयर करें।

सर्टिफाइड पुराने ट्रैक्टर्स

स्वराज 855 एक्स एम

48 एचपी | 2014 Model | देवास, मध्यप्रदेश

₹ 2,17,000
प्रमाणित
icon icon-phone-callविक्रेता से संपर्क करें
पॉवर ट्रैक 434 डीएस

35 एचपी | 2010 Model | जबलपुर, मध्यप्रदेश

₹ 1,30,000
प्रमाणित
icon icon-phone-callविक्रेता से संपर्क करें
पॉवर ट्रैक यूरो 50

50 एचपी | 2021 Model | रायसेन, मध्यप्रदेश

₹ 3,51,150
प्रमाणित
icon icon-phone-callविक्रेता से संपर्क करें
मैसी फर्ग्यूसन 7250

46 एचपी | 2012 Model | अजमेर, राजस्थान

₹ 2,50,000
प्रमाणित
icon icon-phone-callविक्रेता से संपर्क करें

सभी देखें

ट्रैक्टर ऑफ़र जांचें
ट्रैक्टर की कीमत जानें